सिविल सर्विसेज की कोचिंग के लिए लाखों रुपए लेकर बदल गया इंस्टीट्यूट, पुलिस ने भी टरकाया

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नेशनल दुनिया, जयपुर।

प्रदेश में बदत्तर होती बेरोजगारों की स्थिति के बीच कोचिंग संस्थान भी लूटने में लगे हुए हैं। लूट भी ऐसी कि ‘चोरी और उपर से सीना जोरी’। मामला जयपुर के महेश नगर थाना क्षेत्र का है। जहां पर जी.एस.वर्ल्ड के नाम से एक कोचिंग संस्थान आरएएस की तैयारी करवाता है।

सितंबर 2016 में इस कोचिंग संस्थान ने अपना बैच शुरू किया। वैसे तो कोचिंग के मालिक नीरज सिंह दिल्ली के रहने वाले हैं, जहां पर सिविल सर्विसेज की दूसरी कक्षाएं चलाने के लिए कोचिंग संस्थान खोल रखा हैं। जयपुर कोचिंग संस्थान में उन्होंने स्टाफ लगा रखा है। सितंबर में बैच शुरू करने के साथ ही आरएएस शुरू किया गया। एक—एक स्टूडेंट से 40—40 हजार रुपए लिए गए। तैयारी कर रहे स्टूडेंट्स को बताया गया कि उनको आरएएस प्री—कोर्स केवल तीन माह में पूरा करवा देंगे।

छात्रों ने बताया कि इसके साथ ही उनसे वादा किया गया था कि दिल्ली से सब्जेक्ट स्पेशियलिस्ट फैकल्टी बुलाई जाएगी। लेकिन आजतक भी दिल्ली से कोई टीचर नहीं आया। जयपुर से इधर—उधर कर टीचर्स का इंतजाम कर दिया गया।

पीडित छात्रों का कहना है कि उनको 3 माह में आरएएस प्री कोर्स पूरा करवाने का वादा किया गया था, लेकिन आज 9 माह बीतने के बाद भी कोर्स पूरा नहीं हुआ। बिना कोर्स हुए लगातार समय गुजरने के कारण छात्रों ने प्रबंधन से शिकायत की तो उन्होंने आश्वासन देकर टरका दिया। कोर्स नहीं होने के कारण फीस वापसी का दबाव बनाने पर छात्रों को ग्रुप में ही पैसे रिफंड करने के लिए पांच—पांच, सात—सात छात्रों ग्रुप में अकाउंट के नाम 1.44 हजार, 2.28 हजार, 1.74 हजार, 2.41 हजार, 2.31 हजार, 1.59 हजार और 3.17 हजार जैसे कई चैक दे दिए।

मजेदार बात ये है कि चैक तो दे दिए, लेकिन बाद में संस्थान अपने इस वादे से भी मुकर गया। छात्रों को दिए लाखों रुपए के चैक बैंक से स्टॉप करवा दिए गए। छात्रों ने जब इस बात के लिए संस्थान से शिकायत की तो जवाब मिला कि उनको पैसे वापस नहीं दिए जाएंगे, बल्कि कोर्स ही करवाया जाएगा।

इसको लेकर छात्र—छात्राएं जब महेश नगर थाने गए तो वहां से पुलिस ने भी टरका दिया। पीड़ित स्टूडेंट्स का आरोप है कि थाने से उनको कहा गया कि पुलिस थाने की ओर से कोचिंग संस्थान के प्रबंधन से इसका समाधान करवाया जाएगा, लेकिन आजतक कोई बात नहीं की। लिखित शिकायत को भी थाने में लेने से मना कर दिया।

पीड़ित छात्र—छात्राएं शनिवार को लालाकोठी स्थिति पुलिस मुख्यालय में पुलिस महानिदेशक मनोज भट्ट से मिलकर अपनी समस्याओं का एक ज्ञापन देने आए, लेकिन शनिवार का अवकाश होने के कारण डीजीपी से मुलाकात नहीं हो पाई।

स्टूडेंट्स का कहना है कि उनको 3 माह का कोर्स 9 माह में नहीं करवाया गया, पुलिस थाने ने उनकी शिकायत नहीं सुनी, डीजीपी से मुलाकात नहीं हो पाई। ऐसे में वे कहां जाएं, समय गुजर रहा है, कोर्स नहीं हो रहा है, पैसे भी ले लिए, घरवाले परेशान कर रहे हैं जिसके चलते वे बहुत दुखी हैं।

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